

अल्मोड़ा से जुड़ी खबर सामने आई है। अल्मोड़ा में मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट दयाराम की अदालत ने चेक बाउंस के एक मामले में फैसला सुनाते हुए पूर्व जिपं सदस्य लता आर्या को छह माह के साधारण कारावास की सजा सुनाई है।
जानें पूरा मामला
इस संबंध में परिवादी के अधिवक्ता रविंद्र बिष्ट ने बताया कि मामला वर्ष 2022 का है। परिवादी राम प्रकाश निरंकारी की चौक बाजार में निर्माण सामग्री की दुकान है। आरोप था कि पूर्व जिला पंचायत सदस्य लता आर्या निवासी खगमरा अल्मोड़ा ने परिवादी से 41050 रुपये की निर्माण सामग्री खरीदी थी। इसके बदले उन्होंने नौ दिसंबर 2022 की तारीख का चेक दिया था। इस तारीख को वह नैनीताल बैंक गए, लेकिन बैंक में चेक बाउंस हो गया। इसके बाद उन्होंने 15 दिसंबर को उन्हें नोटिस भिजवाया। पूर्व जिपं सदस्य ने न तो नोटिस का जवाब दिया और न ही रुपये दिए। जिसके बाद उन्हें न्यायालय के शरण में जाना पड़ा।
अदालत का आदेश
इस मामले की सुनवाई और साक्ष्यों के परिशीलन के बाद अदालत ने फैसला सुनाया। जिसमे पूर्व जिपं सदस्य पर दोषसिद्ध हुआ है। अभियुक्त को छह माह कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 60 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
