

उत्तराखंड से जुड़ी खबर सामने आई है। आजकल डिजिटल अरेस्ट के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं। जो मासूम जनता को अलग-अलग डर दिखाकर ठगने का काम कर रही है।
पुलिस में दी तहरीर
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक एक ऐसा ही मामला सामने आया है। उत्तरकाशी के आश्रम में रह रहे जर्मन नागरिक के साथ ठगी का मामला सामने आया है। देहरादून साइबर थाने में मामले में मुकदमा दर्ज किया गया। जिसमे हेनरिच रॉडर ने बताया कि दो मार्च को एक अज्ञात नंबर से व्हाट्सऐप पर कॉल आया था।
इसकी डीपी में भारत सरकार लिखा था। कॉल करने वाले ने खुद को कोलाबा पुलिस स्टेशन मुंबई से बताया। उसने कहा कि वह सरकार की खुफिया एजेंसी के लिए काम कर रहा है। कहा कि वर्तमान में जेट एयरवेज के पूर्व चेयरमैन नरेश गोयल के मामले की जांच चल रही है, गोयल के घर हेनरिच का परिचय पत्र मिला है। जिसमे उनके खाते से करोड़ों का लेनदेन हुआ है।
पुलिस कर रही जांच
इसके बाद डिजिटल अरेस्ट का डर दिखाया। साथ ही 30 लाख जमा कराने का कहा। जिस पर हेनरिच ने दो किश्तों में 11 और 19 लाख ट्रांसफर कर दिए। इसके बाद दोबारा 36 लाख मांगे तो, हेनरिच को शक हो गया और वह उत्तरकाशी के डूंडा थाने पहुंचे। इस मामले में पुलिस जांच कर रही है। साथ ही ऐसी ठगी से लोगों को भी सावधान रहने की अपील कर रही है।
