
नैनीताल (NAINITAL) जनपद के भीमताल (BHIMTAL) क्षेत्र में पहचान छिपाकर युवतियों को प्रेमजाल में फंसाने, उनके आर्थिक एवं मानसिक शोषण और धार्मिक भावनाओं को आहत करने का एक अत्यंत गंभीर प्रकरण (Case) प्रकाश में आया है। भाजपा (BJP) जिला मंत्री मनोज भट्ट (Manoj Bhatt) की ओर से दी गई शिकायत (Complaint) के बाद पुलिस (Police) ने आरोपित के कमरे को सील कर दिया है, जबकि आरोपित वर्तमान में फरार (Absconding) बताया जा रहा है। इस घटना (Incident) को लेकर हिंदूवादी संगठनों में भारी रोष व्याप्त है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, आरोपित युवक पर आरोप (Allegation) है कि उसने स्वयं को ‘एमडी’ बताकर और अपनी वास्तविक धार्मिक पहचान छिपाकर युवतियों से संपर्क साधा। बाद में उसकी पहचान ‘मोहम्मद यूनुस’ के रूप में हुई। शिकायत में कहा गया है कि युवक गिटार बजाने, फोटो शूट और बर्ड वाचिंग जैसे बहानों से युवतियों से मित्रता करता था और फिर शादी का झांसा देकर उनका शारीरिक एवं मानसिक शोषण करता था।
शिकायतकर्ता का दावा है कि आरोपित युवतियों को ‘लिव-इन’ में रहने के लिए विवश करता था। इस दौरान उसने कई पीड़िताओं के धार्मिक विश्वासों का अपमान किया और उन्हें उनके धार्मिक आचरण से रोका। आरोप है कि युवक ने युवतियों से महंगे उपहार मंगवाए और उनसे लगभग 17 से 35 लाख रुपये तक ऐंठ लिए। आशंका व्यक्त की गई है कि आरोपित के पास कई युवतियों के आपत्तिजनक फोटो और वीडियो भी हो सकते हैं, जिनका प्रयोग वह ब्लैकमेलिंग के लिए करता था।
पुलिस की दबिश और बरामदगी
शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने आरोपित के ठिकाने पर छापेमारी की। तलाशी के दौरान कमरे से 6 से अधिक मोबाइल फोन और भारी मात्रा में कीमती सामान बरामद हुआ है। साक्ष्य संकलन के पश्चात पुलिस ने कमरे को सील कर दिया है। एसपी क्राइम जगदीश चंद्र ने बताया कि आरोपित के परिजनों से पूछताछ की जा रही है और उसकी गिरफ्तारी हेतु संभावित स्थानों पर दबिश दी जा रही है।
इस मामले को लेकर रविवार को भाजपा पदाधिकारियों और विभिन्न हिंदूवादी संगठनों का प्रतिनिधिमंडल भीमताल कोतवाली पहुँचा और पुलिस को ज्ञापन सौंपा। प्रदर्शनकारियों ने आरोपित की तत्काल गिरफ्तारी की मांग करते हुए पुलिस को सोमवार सुबह 9 बजे तक का अल्टीमेटम दिया है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि निर्धारित समय तक कार्रवाई नहीं हुई, तो वे उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।
पुलिस के अनुसार, फिलहाल औपचारिक अभियोग दर्ज करने की प्रक्रिया गतिमान है और सभी आरोपों की गहनता से जांच की जा रही है। यह मामला क्षेत्र में सांप्रदायिक संवेदनशीलता और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर चर्चा का विषय बना हुआ है।









