
टनकपुर-पूर्णागिरि क्षेत्र में तेज आंधी और बारिश से कई स्थानों पर पेड़ गिर गए तथा बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई। प्रशासन, फायर सर्विस और विभागीय टीमों ने तत्काल कार्रवाई कर मार्गों को खोल दिया, जबकि विद्युत बहाली का कार्य जारी है।
टनकपुर/चम्पावत। जनपद के मैदानी क्षेत्र टनकपुर और मां पूर्णागिरि धाम मार्ग पर रविवार दोपहर बाद आए तेज अंधड़ और भारी बारिश ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया। खराब मौसम के चलते कई स्थानों पर पेड़ गिर गए, जिससे यातायात और विद्युत आपूर्ति बाधित हुई। हालांकि जिला प्रशासन, लोक निर्माण विभाग, फायर सर्विस और विद्युत विभाग की टीमों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए अधिकांश प्रभावित मार्गों को सुचारु कर दिया है।
पूर्णागिरि मार्ग पर गैंडाखाली से भैरव मंदिर के बीच पांच से अधिक स्थानों पर पेड़ गिरने से आवाजाही प्रभावित हुई। वहीं टनकपुर क्षेत्र में भी तेज हवाओं और बूंदाबांदी के कारण कई स्थानों पर नुकसान हुआ। तुषार अस्पताल के समीप एक पेड़ गिरने से मार्ग कुछ समय के लिए बाधित रहा, जिसे बाद में प्रशासनिक टीमों ने हटाकर यातायात सामान्य कराया।
जिलाधिकारी मनीष कुमार के निर्देश पर जिला प्रशासन ने पूरे घटनाक्रम पर लगातार निगरानी बनाए रखी। आपदा कंट्रोल रूम से प्राप्त जानकारी के अनुसार रविवार शाम आए आंधी-तूफान के दौरान टनकपुर-पूर्णागिरि मोटर मार्ग पर गैंडाखाली के आगे पेड़ गिरने से सड़क अवरुद्ध हो गई थी। सूचना मिलते ही लोक निर्माण विभाग और फायर सर्विस की टीम मौके पर पहुंची तथा तत्काल कार्रवाई करते हुए मार्ग को यातायात के लिए खोल दिया गया।
तेज आंधी के कारण पूर्णागिरि फीडर की विद्युत लाइनें भी कई स्थानों पर क्षतिग्रस्त हो गईं, जिससे क्षेत्र की बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई। विद्युत विभाग द्वारा युद्धस्तर पर मरम्मत और बहाली का कार्य किया जा रहा है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार सोमवार दोपहर तक विद्युत आपूर्ति पूरी तरह बहाल किए जाने की संभावना है।
तहसीलदार पिंकी आर्या ने बताया कि जिलाधिकारी के निर्देशानुसार तहसील प्रशासन की टीमें प्रभावित क्षेत्रों में लगातार निगरानी कर रही हैं और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। वहीं ककरालीगेट-थूलीगाड़-भैरव मंदिर मार्ग पर आए व्यवधान को भी कार्यदायी संस्था द्वारा त्वरित कार्रवाई कर दूर कर दिया गया है और सड़क पर यातायात सामान्य रूप से संचालित हो रहा है।
जिला प्रशासन ने नागरिकों से खराब मौसम के दौरान सतर्कता बरतने की अपील की है। साथ ही किसी भी आपदा या आपात स्थिति की जानकारी तत्काल प्रशासन और आपदा नियंत्रण कक्ष को देने का अनुरोध किया है, ताकि समय रहते आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा सके।









